राजनीतिफ़ोटो: Mintसुप्रीम कोर्ट ने तलाक-ए-हसन याचिका पर केंद्र से जवाब मांगा
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और अन्य अधिकारियों से तलाक-ए-हसन की वैधता को चुनौती देने वाली याचिका पर जवाब मांगा है। तलाक-ए-हसन में मुस्लिम पति तीन महीने तक हर महीने एक बार 'तलाक' कहकर तलाक दे सकता है। याचिका में सभी तलाक के लिए समान प्रक्रिया और तलाक-ए-हसन सहित एकतरफा तलाक पर प्रतिबंध की मांग की गई है, साथ ही तलाकशुदा महिलाओं और उनके बच्चों के लिए आर्थिक व सामाजिक सुरक्षा की भी मांग है।
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