प्रिस्क्रिप्शन दवाओं के विज्ञापन के लिए सरकार की मंजूरी जरूरी हो सकती है
स्वास्थ्य मंत्रालय ने प्रस्ताव रखा है कि केमिस्ट, होलसेलर और दवा वितरकों को कुछ प्रिस्क्रिप्शन दवाओं के विज्ञापन से पहले केंद्र सरकार की मंजूरी लेनी होगी। यह कदम शेड्यूल H, H1 और X दवाओं के विज्ञापनों पर मौजूदा प्रतिबंधों को बिक्री और वितरण में शामिल लोगों तक बढ़ाने का है।
Times of India·




